साइबर ठगी से बचाव के लिए कोरबा पुलिस ने संभाला मोर्चा, 1200 लोगों को दी जरूरी जानकारी
कोरबा। जिले में बढ़ते साइबर अपराध और ऑनलाइन ठगी के मामलों को देखते हुए कोरबा पुलिस लगातार जागरूकता अभियान चला रही है। साइबर जागृति अभियान के तहत रविवार 23 अगस्त को जिले के अलग-अलग थाना क्षेत्रों में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। इन कार्यक्रमों के माध्यम से करीब 1200 नागरिकों और छात्र-छात्राओं को साइबर फ्रॉड से बचाव के तरीके बताए गए।
पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ तिवारी के मार्गदर्शन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक लखन पटले के निर्देशन में थाना कोतवाली, बालको, दर्री, दीपका, बांकीमोंगरा, सिविल लाइन, पाली, बांगो, रजगामार और अन्य थाना क्षेत्रों की पुलिस टीमों ने सार्वजनिक स्थानों और छात्रावासों में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए।
पॉम मॉल में हुआ बड़ा साइबर जागरूकता कार्यक्रम
वीकेंड के दौरान थाना सिविल लाइन क्षेत्र के पॉम मॉल में विशेष साइबर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। यहां बड़ी संख्या में लोगों को UPI फ्रॉड, बैंक फ्रॉड, ऑनलाइन ठगी और साइबर अपराध से बचने के लिए जरूरी सावधानियों की जानकारी दी गई।
इसके अलावा पाली के कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय, कटघोरा के ग्राम घड़ीपकना, दीपका के ग्राम झाबर, बांकीमोंगरा के मैगजीन ग्राउंड, दर्री के भवानी बाजार, करतला के बांधापाली, रजगामार के ओमपुर बाजार, हरदीबाजार के बोईदा, चैतमा के पोटापानी सहित विभिन्न स्थानों पर भी अभियान चलाया गया।
OTP और UPI PIN साझा न करने की समझाइश
पुलिस टीमों ने लोगों को समझाया कि किसी भी अनजान व्यक्ति के साथ OTP, UPI PIN, पासवर्ड और बैंक संबंधी गोपनीय जानकारी साझा न करें। अनजान लिंक पर क्लिक करने, संदिग्ध APK फाइल डाउनलोड करने और फर्जी वेबसाइट पर बैंकिंग जानकारी दर्ज करने से भी बचने की सलाह दी गई।
साइबर ठगी होने पर तुरंत करें शिकायत
कोरबा पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि साइबर ठगी का शिकार होने पर घबराएं नहीं और तत्काल साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत करें। इसके साथ ही cybercrime.gov.in पर ऑनलाइन शिकायत दर्ज की जा सकती है। पुलिस के मुताबिक समय पर शिकायत मिलने से ठगी की रकम को रोकने में मदद मिल सकती है।









