Text Books : छत्तीसगढ़ पाठ्य पुस्तक निगम सख्त, देरी करने वाली दो फर्में हो सकती हैं ब्लैकलिस्ट
Text Books
Text Books : रायपुर, 11 नवम्बर 2025। छत्तीसगढ़ पाठ्य पुस्तक निगम (पापुनि) ने आगामी शैक्षणिक सत्र 2026–27 के लिए समय पर पाठ्य पुस्तकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने की दिशा में सख्त कदम उठाए हैं। निगम ने कागज की सप्लाई में देरी करने वाली दो फर्मों — ओरिएंट पेपर और श्रेयांस पेपर — पर क्रमशः ₹80 लाख और ₹30 लाख का जुर्माना लगाया है।निगम के अध्यक्ष राजा पाण्डेय ने स्पष्ट किया कि समय पर कागज सप्लाई नहीं करने और कार्य में लापरवाही बरतने पर अब कोई ढिलाई नहीं बरती जाएगी। दोनों फर्मों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है, और जवाब असंतोषजनक मिलने पर इन्हें पांच साल के लिए ब्लैकलिस्ट किया जा सकता है।
कोरबा: नशे में धुत युवकों ने नायब तहसीलदार से की मारपीट, मामला दर्ज
समय पर किताबें उपलब्ध कराने की तैयारी
पाठ्य पुस्तक निगम ने बताया कि अगले शिक्षा सत्र की तैयारियाँ नवंबर माह से ही शुरू कर दी गई हैं।एससीईआरटी को निर्देश दिया गया है कि वह 15 दिसंबर तक सभी कक्षाओं की विषयवार सीडी निगम को सौंप दे। लक्ष्य यह है कि स्कूल खुलने से 10 दिन पहले किताबें स्कूलों और संकुलों में पहुंच जाएं।
कागज की गुणवत्ता और पारदर्शिता पर जोर
इस बार कागज की गुणवत्ता सुधारने के लिए नए मानक तय किए गए हैं।निर्धारित समय से देरी पर 1% प्रतिदिन पेनाल्टी बढ़ाने का निर्णय भी लिया गया है।साथ ही पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए सभी डिपो में CCTV कैमरे लगाए जा रहे हैं, और अगले वर्ष 8 नए डिपो बनाने की योजना है।
अन्य राज्यों में भी समान व्यवस्था
राजा पाण्डेय ने बताया कि कागज खरीद और मुद्रण की यह व्यवस्था अब गुजरात, मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश, पांडुचेरी और असम जैसे राज्यों की तर्ज पर लागू की जा रही है। निगम स्वयं कागज की खरीद करेगा और प्रिंटरों के माध्यम से पाठ्य पुस्तकों का मुद्रण कराया जाएगा।









