BREAKING NEWS : अमरनाथ-वैष्णो देवी यात्रा पर ब्रेक’ भारी बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त, राहत-बचाव अभियान जारी

BREAKING NEWS : जम्मू। जम्मू-कश्मीर में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने हालात बेहद गंभीर कर दिए हैं। पिछले चार दिनों में बारिश और उससे जुड़ी घटनाओं में 31 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि कई लोग घायल बताए जा रहे हैं। प्रदेश के अधिकतर जिलों में बाढ़ जैसे हालात हैं और प्रशासन ने कई संवेदनशील इलाकों में हाई अलर्ट जारी कर दिया है।

सबसे ज्यादा चिंता चिनाब नदी को लेकर है, जो कई स्थानों पर खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। इसके अलावा तवी, उझ और बसंतर समेत अन्य नदी-नाले भी उफान पर हैं। नदियों के किनारे बसे गांवों में पानी घुसने की आशंका को देखते हुए लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है।

पांचवें दिन भी रुकी अमरनाथ और वैष्णो देवी यात्रा

लगातार खराब मौसम के कारण अमरनाथ यात्रा को पांचवें दिन भी स्थगित रखा गया है। पहलगाम और बालटाल मार्ग पर भूस्खलन और पत्थर गिरने की घटनाओं के चलते यात्रियों की आवाजाही पर रोक लगाई गई है। वहीं माता वैष्णो देवी यात्रा भी प्रभावित हुई है और कई श्रद्धालु कटरा में ही रुके हुए हैं।

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श्राइन बोर्ड और प्रशासन लगातार मौसम की स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। अधिकारियों का कहना है कि यात्रियों की सुरक्षा को देखते हुए फिलहाल यात्रा शुरू करने का फैसला नहीं लिया गया है।

सैकड़ों सड़कें बंद, कई इलाके कटे

बारिश के चलते जम्मू, रामबन, डोडा, किश्तवाड़ और उधमपुर जिलों में भारी नुकसान हुआ है। राष्ट्रीय राजमार्ग-44 पर कई स्थानों पर भूस्खलन हुआ, जिससे यातायात प्रभावित रहा। सैकड़ों ग्रामीण सड़कें बंद हो गई हैं और कई गांवों का संपर्क जिला मुख्यालय से टूट गया है।

बिजली और पेयजल आपूर्ति भी कई इलाकों में बाधित हुई है। प्रशासन ने राहत और बचाव कार्यों के लिए एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और स्थानीय पुलिस की अतिरिक्त टीमें तैनात की हैं।

मौसम विभाग ने जारी किया रेड अलर्ट

भारतीय मौसम विभाग ने जम्मू संभाग के कई जिलों के लिए अगले 24 से 48 घंटे तक भारी से अत्यधिक भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया है। पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन और फ्लैश फ्लड की आशंका जताई गई है।

प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे नदी-नालों के किनारे जाने से बचें, अनावश्यक यात्रा न करें और स्थानीय प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों का पालन करें। राहत शिविरों में प्रभावित परिवारों के लिए भोजन, दवाइयों और आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था की गई है।

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