CG Student Union Election Notification : छात्रों का ‘फुल कोर्ट प्रेस’, चुनाव की मांग पर सड़कों पर उतरे सैकड़ों कार्यकर्ता, सरकार को ‘रेड कार्ड’ की चेतावनी
- बड़ा एक्शन: छत्तीसगढ़ में छात्रसंघ चुनाव फिर से शुरू कराने की मांग को लेकर NSUI ने एक साथ 3 प्रमुख विश्वविद्यालयों का घेराव किया।
- मैदान की स्थिति: रायपुर में सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने बैरिकेड्स तोड़ने की कोशिश की, पुलिस के साथ तीखी झड़प हुई।
- अगला कदम: यदि चुनाव की तारीखों का ऐलान नहीं हुआ, तो छात्र संगठन ने उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है।
CG Student Union Election Notification , रायपुर — छत्तीसगढ़ की छात्र राजनीति के मैदान में आज एक बड़ा ‘टैकल’ देखने को मिला। छात्रसंघ चुनाव की बहाली को लेकर NSUI ने आज अपनी पूरी ताकत झोंक दी। सैकड़ों की संख्या में कार्यकर्ता सड़कों पर उतरे और प्रदेश के तीन बड़े विश्वविद्यालयों— पंडित रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय, कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता विश्वविद्यालय और आयुष विश्वविद्यालय का घेराव किया। यह प्रदर्शन किसी हाई-वोल्टेज मैच की तरह रहा, जहाँ छात्र अपनी मांगों के लिए अड़े नजर आए।
सियासी पिच पर हंगामा: ‘चुनाव नहीं तो काम नहीं’
छात्रों का गुस्सा काफी समय से उबल रहा था। पिछले कुछ सीजन से चुनाव टलने की वजह से कैंपस की राजनीति में सन्नाटा पसरा है। NSUI ने आज इस सन्नाटे को शोर में बदल दिया।
- यूनिवर्सिटी की घेराबंदी: प्रदर्शनकारियों ने रविशंकर यूनिवर्सिटी के गेट पर ‘हडल’ बनाया और जमकर नारेबाजी की।
- पुलिस की फिल्डिंग: प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए थे। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए कई स्तर पर बैरिकेडिंग की थी।
- मैदान की जंग: कुछ जगहों पर छात्रों और पुलिस के बीच धक्का-मुक्की भी हुई, जब कार्यकर्ताओं ने वीसी (VC) चैंबर तक पहुँचने की कोशिश की।
NSUI का कहना है कि चुनाव टालकर छात्रों के लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन किया जा रहा है। उन्होंने साफ कर दिया कि यह केवल एक वार्म-अप था, असली खेल अभी बाकी है।
“सरकार छात्रों की आवाज से डर रही है। हम अपनी ही यूनिवर्सिटी में चुनाव क्यों नहीं लड़ सकते? अगर जल्द ही शेड्यूल जारी नहीं किया गया, तो हम पूरे प्रदेश में ‘चक्का जाम’ कर देंगे। यह हमारी आखिरी चेतावनी है।”
— आकाश शर्मा, प्रदेश अध्यक्ष, NSUI छत्तीसगढ़















