CG Accident : कोरिया RTO पर गिरी गाज’ केल्हारी बस हादसे के बाद अमित कश्यप अटैच, 6 लोगों की मौत ने उठाए सुरक्षा पर सवाल
Road Accident
CG Accident : मनेंद्रगढ़। छत्तीसगढ़ के मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर (MCB) जिले में हुए दर्दनाक केल्हारी बस हादसे के बाद परिवहन विभाग में बड़ी कार्रवाई की खबर सामने आई है। हादसे में छह लोगों की मौत और कई यात्रियों के घायल होने के बाद कोरिया जिले के क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी (RTO) अमित प्रकाश कश्यप को अटैच किए जाने की जानकारी मिली है। बताया जा रहा है कि स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने मामले को गंभीरता से लेते हुए परिवहन आयुक्त से चर्चा की थी। इसके बाद यह कदम उठाया गया। हादसे के बाद परिवहन व्यवस्था और यात्री बसों की सुरक्षा को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
हादसे के बाद परिवहन विभाग में हलचल
केल्हारी में हुए बस हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर दिया है। दुर्घटना में छह लोगों की जान चली गई, जबकि कई यात्री घायल हुए हैं। हादसे के बाद घायलों के उपचार और दुर्घटना के कारणों को लेकर चर्चा तेज हो गई है। वहीं, बसों के संचालन, फिटनेस और सुरक्षा मानकों की निगरानी को लेकर भी सवाल उठाए जा रहे हैं।
इस घटना के बाद परिवहन विभाग की जिम्मेदारी और सड़क पर चलने वाली यात्री बसों की जांच व्यवस्था पर ध्यान केंद्रित हुआ है।
स्वास्थ्य मंत्री की पहल के बाद कार्रवाई
मिली जानकारी के अनुसार, स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने हादसे के बाद परिवहन आयुक्त से चर्चा की। इसके बाद कोरिया के RTO अमित प्रकाश कश्यप को अटैच किए जाने की जानकारी सामने आई है।
हालांकि, इस कार्रवाई के संबंध में विस्तृत आधिकारिक आदेश और अटैचमेंट की शर्तों की पुष्टि संबंधित विभाग के आदेश से की जानी चाहिए। यह भी स्पष्ट होना बाकी है कि विभागीय स्तर पर आगे क्या कदम उठाए जाएंगे।
हादसे में 6 की मौत, करीब 40 यात्री घायल
22 अक्टूबर को मनेंद्रगढ़ से केल्हारी जा रही यात्री बस सेमरमथानी मोड़ के पास अनियंत्रित होकर सड़क किनारे पेड़ से टकरा गई थी। इस दर्दनाक दुर्घटना में छह लोगों की मौत हो गई, जबकि करीब 40 यात्री घायल हुए। शुरुआती जांच में बस के अनियंत्रित होने की बात सामने आई है। ब्रेक फेल होने की आशंका भी जताई गई है, हालांकि दुर्घटना के वास्तविक कारणों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही होगी।
बस की फिटनेस और ओवरलोडिंग पर उठे सवाल
हादसे के बाद यात्री बसों की फिटनेस, क्षमता से अधिक सवारी बैठाने और परिवहन विभाग की निगरानी व्यवस्था पर सवाल उठने लगे हैं। दुर्घटना के समय बस में 46 यात्री सवार होने की जानकारी सामने आई है। ऐसे में यह जांच महत्वपूर्ण हो गई है कि बस निर्धारित यात्री क्षमता के अनुसार संचालित हो रही थी या नहीं और उसके सुरक्षा मानकों का पालन किया जा रहा था या नहीं।
घायलों के इलाज के निर्देश, मुआवजे की घोषणा
हादसे के बाद स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने घायलों के उपचार की जानकारी ली और चिकित्सकों को बेहतर इलाज सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने भी दुर्घटना पर दुख जताते हुए मृतकों के परिजनों को पांच-पांच लाख रुपये और घायलों को 50-50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की थी।










