निगम कर्मचारियों ने 18 सूत्रीय मांगों पर सरकार को चेताया, कोरबा में एक दिवसीय सांकेतिक धरना’ बड़े आंदोलन की दी चेतावनी
कोरबा। छत्तीसगढ़ के नगरीय निकायों में कार्यरत अधिकारी-कर्मचारियों ने अपनी लंबित मांगों को लेकर आंदोलन तेज करने के संकेत दिए हैं। छत्तीसगढ़ नगरीय निकाय अधिकारी-कर्मचारी कल्याण संघ के आह्वान पर नगर पालिक निगम कोरबा के अधिकारी-कर्मचारियों ने एक दिवसीय सांकेतिक धरना दिया। सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक चले इस प्रदर्शन में कर्मचारियों ने अपनी 18 सूत्रीय मांगों को लेकर आवाज उठाई और राज्य सरकार से जल्द निराकरण की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार नहीं किया गया, तो आने वाले दिनों में प्रदेशव्यापी बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक चला धरना
निगम कर्मचारियों ने निर्धारित कार्यक्रम के तहत एक दिवसीय सांकेतिक धरना आयोजित किया। इस दौरान विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी शामिल हुए। धरने में कर्मचारियों ने अपनी समस्याओं और लंबित मांगों को लेकर सरकार के प्रति नाराजगी जताई। संघ के आह्वान पर आयोजित इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में कर्मचारियों ने एकजुटता दिखाई और मांगों के समर्थन में आवाज बुलंद की।
18 सूत्रीय मांगों को लेकर उठाई आवाज
धरना प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने अपनी 18 सूत्रीय मांगों को प्रमुखता से उठाया। संघ का कहना है कि नगरीय निकायों में कार्यरत कर्मचारियों की विभिन्न समस्याओं का लंबे समय से समाधान नहीं हुआ है। कर्मचारियों ने सेवा संबंधी सुविधाओं, वेतन और अन्य लंबित मामलों पर सरकार का ध्यान आकर्षित किया। हालांकि, उपलब्ध जानकारी में सभी 18 मांगों का विस्तृत विवरण सामने नहीं आया है।
सरकार से जल्द समाधान की मांग
प्रदर्शनकारियों ने राज्य सरकार से मांगों पर सकारात्मक पहल करने और लंबित समस्याओं का शीघ्र निराकरण करने की अपील की। कर्मचारियों का कहना है कि उनकी मांगों पर निर्णय होने से नगरीय निकायों में कार्यरत अधिकारी-कर्मचारियों को राहत मिलेगी। धरने के माध्यम से संघ ने सरकार तक अपनी बात पहुंचाने का प्रयास किया।
बड़े आंदोलन की दी चेतावनी
एक दिवसीय सांकेतिक धरने के बाद कर्मचारियों ने स्पष्ट किया कि यह आंदोलन का शुरुआती चरण है। यदि सरकार की ओर से उनकी मांगों पर संतोषजनक पहल नहीं की गई, तो संघ आगे व्यापक आंदोलन की रणनीति तैयार करेगा। कर्मचारियों ने प्रदेश स्तर पर आंदोलन करने की चेतावनी भी दी।










