साइबर ठगी से बचने को कोरबा पुलिस की बड़ी पहल, UPI फ्रॉड और बैंकिंग फ्रॉड से बचाव के बताए तरीके
कोरबा। जिले में साइबर अपराधों से बचाव और डिजिटल सुरक्षा को लेकर कोरबा पुलिस का साइबर जागृति अभियान लगातार जारी है। अभियान के द्वितीय सप्ताह में मंगलवार को जिले के विभिन्न बैंकिंग संस्थानों, औद्योगिक एवं सार्वजनिक क्षेत्रों में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। इस दौरान नागरिकों को UPI फ्रॉड, बैंकिंग फ्रॉड और साइबर ठगी से बचने के महत्वपूर्ण तरीके बताए गए।
एसपी सिद्धार्थ तिवारी के मार्गदर्शन में अभियान
पुलिस अधीक्षक कोरबा सिद्धार्थ तिवारी के मार्गदर्शन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक लखन पटले के निर्देशन में 25 अगस्त 2026 को जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में साइबर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। थाना कोतवाली, बालको, दर्री, दीपका, बांकीमोंगरा, सिविल लाइन, पाली, बांगो, रजगामार और चैतमा की पुलिस टीमों ने अलग-अलग स्थानों पर नागरिकों को साइबर सुरक्षा की जानकारी दी।
बैंक और स्कूलों में पहुंची पुलिस टीम
दीपका के यूको बैंक, कटघोरा के एसबीआई बैंक, बांगो के लमना उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, दर्री के छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण बैंक एवं शासकीय विद्यालय गोपालपुर, हरदीबाजार के छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण बैंक, बालको के ग्रामीण बैंक और आईसीआईसीआई बैंक, उरगा के एसबीआई व ग्रामीण बैंक, टीपी नगर के पीएनबी बैंक, कोतवाली के पुराने बस स्टैंड स्थित एसबीआई, करतला के एसबीआई बैंक और पसान के एसबीआई कियोस्क सेंटर में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए।
OTP और UPI PIN साझा न करने की समझाइश
पुलिस टीमों ने नागरिकों को समझाया कि OTP, UPI PIN, पासवर्ड और बैंक खाते से जुड़ी गोपनीय जानकारी किसी अनजान व्यक्ति के साथ साझा न करें। इसके अलावा अनजान लिंक पर क्लिक करने, फर्जी कॉल का जवाब देने, संदिग्ध APK फाइल डाउनलोड करने और फर्जी वेबसाइट पर बैंकिंग जानकारी दर्ज करने से बचने की सलाह दी गई।
कलेक्टोरेट सभागार में बैंकों की जिलास्तरीय बैठक
साइबर जागृति अभियान के तहत कलेक्टोरेट सभागार में विभिन्न बैंकों की जिलास्तरीय बैठक भी आयोजित की गई। बैठक में साइबर अपराध और वित्तीय धोखाधड़ी से जुड़े मामलों को लेकर जागरूकता बढ़ाने तथा सुरक्षित डिजिटल व्यवहार को प्रोत्साहित करने पर चर्चा हुई।
साइबर ठगी होने पर तुरंत 1930 पर करें शिकायत
कोरबा पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि साइबर ठगी का शिकार होने पर घबराएं नहीं और तुरंत साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत करें। इसके साथ ही cybercrime.gov.in पर ऑनलाइन शिकायत दर्ज की जा सकती है। पुलिस के अनुसार, ठगी के तुरंत बाद की गई शिकायत साइबर ठगी की रकम को रोकने में महत्वपूर्ण साबित हो सकती है।
कोरबा पुलिस की अपील
पुलिस ने नागरिकों से सतर्क रहने, सुरक्षित डिजिटल व्यवहार अपनाने और साइबर अपराधों के प्रति अपने आसपास के लोगों को भी जागरूक करने की अपील की है। पुलिस का संदेश है कि सावधानी और जागरूकता ही साइबर ठगी से बचाव का सबसे मजबूत उपाय है।









