मिनीमाता जयंती पर सतनामी समाज ने किया नमन, प्रतिमा पर माल्यार्पण कर दी श्रद्धांजलि
कोरबा। अभिवाजित मध्यप्रदेश की प्रथम महिला सांसद और सतनामी समाज की गुरुमाता मिनीमाता की जयंती के अवसर पर सतनामी समाज के वरिष्ठजनों ने उन्हें श्रद्धापूर्वक नमन किया। इस मौके पर शासकीय मिनीमाता कन्या महाविद्यालय परिसर में स्थापित उनकी प्रतिमा के समक्ष पूजा-अर्चना कर पुष्पमाला अर्पित की गई।
कार्यक्रम में उपस्थित समाज के वरिष्ठजनों ने मिनीमाता के योगदान को याद करते हुए कहा कि उन्होंने केवल सतनामी समाज ही नहीं, बल्कि पूरे समाज विशेषकर महिलाओं के उत्थान के लिए अनेक महत्वपूर्ण कार्य किए। उनके प्रयासों से कोरबा जिले में मिनीमाता बांगो बांध का निर्माण भी संभव हो सका, जो आज क्षेत्र के विकास में अहम भूमिका निभा रहा है।
बताया गया कि मिनीमाता का जन्म 13 मार्च 1913 को दौल गांव में हुआ था। बचपन में उनका नाम मीनाक्षी था। वे छत्तीसगढ़ क्षेत्र से संसद पहुंचने वाली पहली महिला सांसद थीं। उनका निधन 11 अगस्त 1973 को दिल्ली में हुआ था।
जयंती कार्यक्रम में सतनामी समाज के अध्यक्ष नारायणताल कुर्रे, उपाध्यक्ष सुनीता पाटले, सचिव जेपी कोशले, मनोद मनहर सहित समाज के कई पदाधिकारी और जय सतनाम महिला समिति की सदस्याएं मौजूद रहीं। सभी ने मिलकर मिनीमाता के विचारों को याद किया और उनके आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया।








